झारखंड
के शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो की अध्यक्षता में हुई झारखंड एकेडेमिक काउंसिल की
बैठक में बड़ा फैसला लिया गया है। अब मैट्रिक और इंटरमीडिएट के साथ आठवीं, नौवीं
और 11वीं की एक ही परीक्षा होगी। झारखंड में अब मैट्रिक और इंटरमीडिएट के साथ
आठवीं, नौवीं और 11वीं की एक ही परीक्षा होगी। मैट्रिक व इंटर की परीक्षाएं ओएमआर
शीट और उत्तरपुस्तिका पर होंगी, जबकि आठवीं, नौवीं व 11वीं की परीक्षाएं सिर्फ
ओएमआर शीट पर होंगी। इन परीक्षाओं का आयोजन फरवरी-मार्च में किया जा सकेगा। यह
फैसला गुरुवार को शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो की अध्यक्षता में हुई झारखंड एकेडेमिक
काउंसिल (जैक) के अध्यक्ष और सचिव व अन्य शिक्षा अधिकारियों की बैठक में लिया गया।
अधिसूचना जारी करने का निर्देश
इस
बाबत शिक्षा मंत्री ने शिक्षा सचिव को पत्र लिख कर एक बार में परीक्षा लेने की
अधिसूचना जारी करने का निर्देश दे दिया है। शिक्षा सचिव अब जैक को एक बार में ही
परीक्षा लेने की अधिसूचना भेजेंगे। इसके बाद जैक परीक्षा की तैयारी में जुट जाएगा।
समीक्षा के बाद हुआ फैसला
इन
सभी बिंदुओं पर जैक अध्यक्ष डॉ अनिल कुमार महतो और सचिव महीप कुमार सिंह के साथ
अपने आवासीय कार्यालय में समीक्षा करने के बाद शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने आठवीं
से 12वीं की दो टर्म की जगह एक बार में परीक्षा लेने का निर्देश जारी कर दिया।
अधिसूचना के बाद परीक्षा की तैयारी में जुटेगा जैक
अधिसूचना
जारी करने के बाद जैक परीक्षा लेने की तैयारी करेगा। फरवरी से परीक्षाएं शुरू हो
जाएंगी। जैक तय करेगा कि पहले ओएमआर शीट पर आठवीं, नौवीं व 11वीं की परीक्षा ले या
फिर पहले मैट्रिक- इंटरपरीक्षाओं का आयोजन करे। फरवरी के अंतिम या मार्च के पहले
सप्ताह से मैट्रिक-इंटर की परीक्षाएं शुरू हो सकेंगी।
सीबीएसई समेत अन्य बोर्ड बदल चुके थे पैटर्न
दो
टर्म में परीक्षा का पैटर्न सीबीएसई ने 2021 में शुरू किया था। अगर एक टर्म की
परीक्षा होती है और दूसरे टर्म की परीक्षा किसी कारण से नहीं हो सकती तो एक टर्म
के आधार पर रिजल्ट जारी हो जाता। झारखंड समेत कई राज्यों ने इसे एडॉप्ट किया था।
2022 में सीबीएसई समेत अन्य बोर्ड ने इसे वापस ले लिया था।
👉स्कूली
शिक्षा एवं साक्षरता विभागके मंत्री जगरनाथ महतो ने दिए निर्देश
👉ओएमआर
शीट तथा उत्तर पुस्तिका पर होगी 10वीं और 12वीं की परीक्षा
👉सिर्फ
ओएमआर शीट पर ली जाएगी आठवीं, नौवीं एवं 1 वीं की परीक्षा
मंत्री
के निर्देश के अनुसार, 10वीं एवं 12वीं की परीक्षा ओएमआर शीट तथा उत्तर पुस्तिका दोनों
पर होगी, जबकि आठवीं, नौवीं एवं 11वीं की परीक्षा केवल ओएमआर शीट पर होगी। इसका मतलब
यह कि पूर्व की तरह 10वीं एवं 12वीं की परीक्षा में वस्तुनिष्ठ प्रश्न के अलावा अति
लघु उत्तरीय, लघु उत्तरीय तथा दीर्घ उत्तरीय प्रश्न भी पूछे जाएंगे। वहीं, आठवीं, नौवीं
एवं 11वीं की परीक्षा में केवल वस्तुनिष्ठ प्रश्न पूछे जाएंगे। इसके लिए परीक्षार्थियों
को चार विकल्प उपलब्ध कराए जाएंगे। 10वीं और 12वीं की एक टर्म की परीक्षा मार्च में
हो सकती है। अन्य कक्षाओं की परीक्षा मार्च-अप्रैल में हो सकती है।
बता
दें कि इससे पहले विभाग ने इन सभी कक्षाओं की परीक्षा दो टर्म में लेने के निर्देश
जैक को दिए थे। गुरुवार को हुई बैठक में जैक के पदाधिकारियों ने भी एक ही टर्म में
परीक्षा लेना छात्र हित में सही बताया। कहा गया कि एक टर्म में परीक्षा लेने से खर्च
में भी कमी आएगी तथा विद्यार्थियों को भी परेशानी नहीं होगी। पिछले साल दो टर्म की
परीक्षा हुई थी। हालांकि दोनों परीक्षाएं अलग-अलग लेने की जगह एक बार ही आयोजित की
गई थी। इस साल पहले टर्म की परीक्षा दिसंबर माह में तथा दूसरे टर्म की परीक्षा मार्च
माह में होनेवाली थी ।